आय से अधिक संपत्ति मामला : दिल्ली कोर्ट की निलंबित जज रचना लखनपाल की मुश्किलें बढ़ीं, सीबीआई ने दर्ज की एफआईआर

 आय से अधिक संपत्ति मामला : दिल्ली कोर्ट की निलंबित जज रचना लखनपाल की मुश्किलें बढ़ीं, सीबीआई ने दर्ज की एफआईआर

सीबीआई ने आय से अधिक संपत्ति के एक नए मामले में रिश्वतखोरी के आरोपों का सामना कर रहीं दिल्ली की अदालत की निलंबित जज रचना लखनपाल और उनके पति के खिलाफ मामला दर्ज किया है। रचना लखनपाल पर कथित तौर पर 2.99 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। तीस हजारी कोर्ट में सीनियर सिविल जज के रूप में तैनात रहीं रचना लखनपाल और उनके वकील पति आलोक को 2016 में एक अनुकूल निर्णय देने के लिए कथित तौर पर 4 लाख रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। सीबीआई ने उस मामले में 2018 में चार्जशीट दाखिल की थी।
रिश्वत मामले की जांच करते हुए सीबीआई ने 2006-16 के दौरान दंपती द्वारा अर्जित कथित अवैध संपत्ति का पता लगाने का दावा किया।
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि जब रचना लखनपाल न्यायिक सेवाओं में शामिल हुईं 27 जुलाई, 2006 को चेक अवधि की शुरुआत में इस दंपती के पास 1.09 लाख रुपये की संपत्ति थी, जो 28 सितंबर, 2016 को 10 वर्षों में 3.53 करोड़ रुपये से अधिक हो गई, जब उन्हें गिरफ्तार किया गया।
सीबीआई ने कहा है कि इस अवधि के दौरान दंपती की 1.05 करोड़ रुपये की आय हुई, जबकि उनका खर्च 51.73 लाख रुपये था।
सीबीआई की एफआईआर के अनुसार, दंपती ने 2.99 करोड़ रुपये की संपत्ति अर्जित की, जो कथित तौर पर उनकी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक है, जिसके लिए वे संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दे सके।
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि इसके अलावा, यह उल्लेख करना प्रासंगिक है कि रचना तिवारी लखनपाल ने विभाग को 94.09 लाख रुपये की बेहिसाब नकदी के बारे में सूचित नहीं किया है जो घर की तलाशी से बरामद की गई थी और दिल्ली के न्यू राजेंद्र नगर के मकान संख्या क्र-546 के 1.60 करोड़ रुपये की राशि के वास्तविक मूल्य के बारे में भी छुपाया गया था।
आरोप है कि लाखों रुपये की बेहिसाबी नकदी है। ट्रैप के दिन रचना और आलोक लखनपाल के घर की तलाशी के दौरान 94.09 लाख रुपये बरामद हुए थे, जो उनके मास्टर बेडरूम की आलमारी में रखे गए थे।
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि जांच में पता चला कि रचना तिवारी ने एक हाथ में ब्रीफकेस (94,09,900 रुपये से युक्त) और नारंगी रंग का पैकेट (चार लाख रुपये की रिश्वत के पैसे से युक्त) लेकर इस राशि को 4 लाख रुपये की रिश्वत के साथ निपटाने का इरादा किया था।
इसके बाद सीबीआई टीम ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। जांच के दौरान एजेंसी को एक सीसीटीवी फुटेज मिला, जिससे पता चला कि लखनपाल ने कथित तौर पर रकम को ठिकाने लगाने का भी प्रयास किया था।
सीबीआई ने आरोप लगाया कि रचना लखनपाल पर संपत्ति एकत्र करने के लिए भ्रष्टाचार के नए आरोपों के तहत मामला दर्ज किया गया था, जबकि उनके पति आलोक उनके नाम और उनके रिश्तेदारों के संयुक्त नाम पर विभिन्न संपत्तियों के अधिग्रहण के लिए सक्रिय रूप से शामिल थे और वह भी उकसाने के लिए उत्तरदायी हैं।

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